रिपोर्ट टाइम्स।
मुकेश अंबानी की रिलायंस जियो ने पूरे टेलिकॉम सेक्टर की तस्वीर बदल कर रख दी है. वहीं एयरटेल के मुखिया सुनील भारती मित्तल अंबानी को टक्कर देने में कोई कसर नहीं छोड़ना चाहते. लेकिन अब बाजार में अंबानी-मित्तल दोनों को टक्कर देने के लिए वोडाफोन ने भी कमर कास ली है. वोडाफोन ने 5G के युद्ध मैदान में उतरने के लिए पूरी प्लानिंग कर ली है. आइए जानते हैं क्या है वोडाफोन की 75 शहरों के लिए प्लानिंग.
वोडाफोन आइडिया द्वारा मार्च में आक्रामक कीमत वाले प्लान के साथ 5जी मोबाइल ब्रॉडबैंड सेवा लॉन्च करने की उम्मीद है, जिसका लक्ष्य रिलायंस जियो और भारती एयरटेल के ग्राहकों को वापस जीतना है.
क्या है 75 शहरों की प्लानिंग
इकोनॉमिक टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक में इस मामले से परिचित कई लोगों के हवाले से बताया गया कि वोडाफोन आइडिया शुरुआत में अपने 17 प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में भारत के शीर्ष 75 शहरों में 5जी लॉन्च कर सकता है. इसके अलावा कंपनी उन शहरों को भी टारगेट कर सकती है जहां डाटा कि ज्यादा खपत होती है.
इस पर बढ़ सकता है खर्च
विश्लेषक ने कहा, टेल्को अपने बड़े प्रतिद्वंद्वियों से उच्च मूल्य वाले 5जी प्रीपेड उपयोगकर्ताओं को वापस लुभाने के लिए डीलर कमीशन और प्रचार खर्च के लिए अपना भुगतान बढ़ा सकता है. रियायती 5जी योजनाओं और डीलर कमीशन पर अधिक खर्च की संभावनाओं पर ईटी के पूछे सवालो पर अभी कम्पनी ने कोई टिप्पणी नहीं की है.
डीलर कमीशन पर किसने किया कितना खर्च
जेफ़रीज़ के अनुसार, Vi ने डीलर कमीशन के लिए FY24 में लगभग `3,583 करोड़ (या बिक्री का 8.4%) खर्च किया. वैश्विक ब्रोकरेज की गणना के अनुसार, यह FY24 में बिक्री के 3% पर Jio के `3,000 करोड़ के डीलर कमीशन भुगतान से बहुत अधिक था. हालांकि, एयरटेल FY24 में सबसे बड़ा खर्च करने वाला व्यक्ति था, जिसने ARPU मोर्चे पर नेतृत्व बनाए रखने के लिए डीलर कमीशन के लिए लगभग `6,000 करोड़ (या बिक्री का 4%) खर्च किया.
जुलाई 2024 की आखिरी टैरिफ बढ़ोतरी के दौरान, Jio और Airtel ने अपनी 5G मोबाइल ब्रॉडबैंड सेवाओं का लाभ उठाने के इच्छुक किसी भी व्यक्ति के लिए न्यूनतम सीमा बढ़ा दी थी, जिससे उन्हें अगले मुद्रीकरण को शुरू करने के लिए स्पष्ट बोली में उच्च मूल्य आधार योजनाओं में अपग्रेड करने के लिए मजबूर किया गया था.
प्राइस वॉर में उतर सकते हैं
वोडाफोन अपने 5G रोलआउट प्लान के अलावा प्राइस वॉर में भी उतर सकता है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक कंपनी शुरुआत में अपने प्लान्स की कीमतें बाकि प्रद्वंदियों से 15 फीसदी कम रख सकती है. वीआई के एक प्रवक्ता के हवाले से ईटी की रिपोर्ट में बताया गया कि कंपनी 5जी सेवाएं लॉन्च करने की तैयारी कर रही है. प्रवक्ता ने कहा कि कंपनी अपने 4जी कवरेज को और बढ़ाने और प्रमुख शहरों में जल्द से जल्द 5जी पेश करने में सक्षम होगी क्योंकि उसके पास अपने 17 प्राथमिकता वाले बाजारों में पर्याप्त और प्रतिस्पर्धी 5जी स्पेक्ट्रम है.
4G कवरेज को बढ़ाने का भी है प्लान
वीआई के सीईओ अक्षय मूंदड़ा ने संकेत दिया था कि टेलीकॉम कंपनी अपने 5जी बेस प्राइसिंग को अपने बड़े प्रतिद्वंद्वियों से कम रख सकती है. उन्होंने वित्त वर्ष 2015 की पहली तिमाही के लिए कंपनी की आय कॉल में कहा था कि 5जी मूल्य निर्धारण पर अंतिम निर्णय लॉन्च के करीब लिया जाएगा. ग्राहक हानि को रोकने और Jio और एयरटेल से प्रभावी ढंग से लड़ने के लिए Vi को अपने प्राथमिकता वाले बाजारों में 4G कवरेज को तेजी से बढ़ाने और 5G सेवाओं को लॉन्च करने की आवश्यकता है.
