Report Times
latestGENERAL NEWSOtherजयपुरटॉप न्यूज़ताजा खबरेंदेशराजस्थानसोशल-वायरल

35 लाख किसानों को मिलेगा 25 हजार करोड़ रुपये, सरकार उठाएगी ब्याज का बोझ

जयपुर। रिपोर्ट टाइम्स।

राजस्थान के किसानों के लिए यह बजट एक नई उम्मीद लेकर आया है। सरकार ने खेती-किसानी को और अधिक लाभदायक बनाने के लिए कई बड़ी घोषणाएं की हैं, जिससे प्रदेश के अन्नदाताओं को सीधा लाभ मिलेगा। कृषि क्षेत्र को मजबूत करने के लिए वित्त मंत्री दिया कुमारी ने कई अहम योजनाओं का ऐलान किया, जो न सिर्फ किसानों की आमदनी बढ़ाएंगी, बल्कि उन्हें आधुनिक तकनीकों से भी जोड़ा जाएगा। गेहूं के एमएसपी पर बोनस से लेकर प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि में बढ़ोतरी तक, यह बजट किसानों के लिए राहत भरा साबित हो सकता है।

कृषि क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक फैसले

राजस्थान बजट 2025 में किसानों के हित में कई क्रांतिकारी फैसले लिए गए। पीएम किसान सम्मान निधि को 9000 रुपये तक बढ़ाने की घोषणा से लाखों किसानों को सीधा फायदा मिलेगा। वहीं, गेहूं के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर 150 रुपये प्रति क्विंटल बोनस दिए जाने से उनकी आमदनी में इजाफा होगा।

बजट में किसानों के लिए प्रमुख घोषणाएं…

पीएम किसान सम्मान निधि बढ़ी: किसानों को अब 9000 रुपये की सहायता मिलेगी।

गेहूं पर बोनस: एमएसपी पर प्रति क्विंटल 150 रुपये बोनस मिलेगा।

नई कृषि तकनीकों पर जोर: कृषि विकास योजना के तहत 1350 करोड़ रुपये खर्च होंगे।

प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना: राज्य सरकार की ओर से 50 करोड़ रुपये का अनुदान।

तारबंदी के लिए सहायता: 75 हजार किसानों को 325 करोड़ रुपये की सहायता मिलेगी।

आधुनिक खेती को बढ़ावा

2000 किसानों को पॉली हाउस, शेडनेट हाउस, मल्चिंग के लिए 225 करोड़ रुपये का अनुदान। मिड डे मील और आंगनबाड़ी में श्री अन्न बाजरा को शामिल किया जाएगा। खाद्य सुरक्षा: 1000 हेक्टेयर में नैना यूरिया छिड़काव के लिए अनुदान।

भूमिहीन कृषि श्रमिकों के लिए सहायता

1 लाख श्रमिकों को 5000 रुपये लागत के कृषि उपकरण उपलब्ध कराए जाएंगे। वहीं एफपीओ के 100 किसान सदस्य इजरायल में कृषि प्रशिक्षण लेंगे, 5000 किसानों को राज्य से बाहर अध्ययन भ्रमण पर भेजा जाएगा. इसके अलावा 35 लाख किसानों को 25 हजार करोड़ रुपये का ब्याज मुक्त फसली कर्ज मिलेगा। 738 करोड़ रुपये ब्याज अनुदान के रूप में दिए जाएंगे और दीर्घकालीन फसली कर्ज और गैर-कृषि कर्जों पर 5% ब्याज अनुदान मिलेगा. वहीं 2500 ग्राम पंचायत मुख्यालयों पर ग्राम सेवा सहकारी समितियां (GSS) खोली जाएंगी। 8 नए जिलों में क्रय-विक्रय सहकारी संघ (KVSS) स्थापित किए जाएंगे।

राज्य सरकार का लक्ष्य

सरकार का उद्देश्य किसानों की आय को बढ़ाना, खेती को आधुनिक बनाना और उन्हें नए संसाधनों से जोड़ना है। इन योजनाओं से कृषि क्षेत्र में नई संभावनाएं खुलेंगी और राजस्थान के किसानों को आत्मनिर्भर बनने में मदद मिलेगी।

Related posts

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोमवार को छत्तीसगढ़ में नक्सलियों को चेतावनी दी कि वे आत्मसमर्पण कर दें नहीं तो लड़ाई का परिणाम तय है और दो वर्ष में नक्सलवाद को समाप्त कर दिया जाएगा. शाह नक्सल प्रभावित कांकेर जिले में चुनावी सभा को संबोधित कर रहे थे. सुरक्षाबलों ने 16 अप्रैल को कांकेर जिले में एक मुठभेड़ के दौरान 29 नक्सलियों को मार गिराया था, जिसमें 15 महिलाएं भी शामिल थीं. शाह ने सभा को संबोधित करते हुए कहा, पिछले 10 वर्षों के दौरान नरेंद्र मोदी ने आतंकवाद को समाप्त किया। मोदी जी ने इस देश से नक्सलवाद को समाप्ति के कगार पर ला दिया. उन्होंने कहा, पांच वर्ष तक मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की सरकार में नक्सलियों पर कोई कार्रवाई नहीं हुई. विष्णु देव साय के मुख्यमंत्री और विजय शर्मा के गृह मंत्री बननेके बाद पिछले चार माह में सुरक्षाबलों ने 90 से ज्यादा नक्सलवादियों को मार गिराया. इसके साथ ही 123 नकस्लियों को गिरफ्तार किया गया और 250 ने आत्मसमर्पण कर दिया. देश भर से नक्सलवाद को समाप्त किया अमित शाह ने कहा, मोदी जी ने देश भर से नक्सलवाद को समाप्त किया चाहे वह आंध्रप्रदेश हो, तेलंगाना हो, बिहार बिहार हो, झारखंड हो या मध्य प्रदेश हो. मैं कहकर जाता हूं कि मोदी जी को फिर से प्रधानमंत्री बना दीजिए और दो साल दे दीजिए. छत्तीसगढ़ से हम नक्सलवाद को उखाड़ फेंकेंगे. गृह मंत्री ने कहा, जब तक नक्सलवाद है तब तक आदिवासी भाई बहनों के लिए बिजली, स्कूल, राशन की दुकान देने में परेशानी हो रही है. जो भी नक्सली बचे हैं उनको कहता हूं कि सरेंडर हो जाओ, आपको फिर से प्रतिस्थापित करेंगे नहीं तो लड़ाई का परिणाम तय है. नक्सलवाद को हम समाप्त कर देंगे. नक्सलियों को आत्मसमर्पण करने के लिए समझाएं शाह ने सभा में मौजूद जनता से अनुरोध किया कि वे नक्सलियों को आत्मसमर्पण करने के लिए समझाएं. उन्होंने कहा, मैं आदिवासी भाइयों और बहनों से कह रहा हूं कि जब तक नक्सलवाद है आदिवासी क्षेत्र में शांति नहीं हो सकती, रोड नहीं बन सकता, बिजली नहीं पहुंच सकती, गैस कनेक्शन नहीं आ सकता, शिक्षा नहीं पहुंच सकती, नौकरी नहीं पहुंच सकती और इलाज नहीं पहुंच सकता है. शाह ने कहा कि आप सभी लोग उनको समझाइए सरेंडर कर जाएं, ना करें तो आप चिंता मत करना, हम दो ही साल में छत्तीसगढ़ की भूमि से नक्सलवाद को उखाड़ कर फेंक देंगे और यहां विकास की गंगा प्रवाहित करेंगे. Read Also : अमित शाह ने कटिहार से भरी हुंकार, कांग्रेस और राजद पर बोला हमला, जानिए लालू-तेजस्वी के लिए क्या कहा.. उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी ने 2037 में विकसित भारत की कल्पना रखी है. विकसित भारत का सबसे बड़ा फायदा आदिवासी, दलित, किसान, युवा, गरीब और महिलाओं को होने वाला है। विकसित भारत की कल्पना आप सभी के कल्याण के लिए है. शाह ने कहा कि कांग्रेस कहती है कि देश के संसाधनों पर पहला अधिकार अल्पसंख्यकों का है लेकिन हम (भाजपा) कहते हैं कि देश के संसाधनों पर पहला अधिकार गरीबों, आदिवासियों, दलितों और पिछड़ों का है.

Report Times

दिल्ली-NCR में झमाझम बारिश, राजस्थान में बिपरजॉय का असर, कई जिलों में अलर्ट जारी

Report Times

चिड़ावा बार एसोसिएशन का हुआ शपथ ग्रहण

Report Times

Leave a Comment