अलवर। रिपोर्ट टाइम्स।
अलवर जिले के राजगढ़ क्षेत्र के पास स्थित बीलेटा गांव में पुलिस ने महबूब के घर पहुंचकर उनके परिवार के पुरुषों और महिलाओं पर बेरहमी से लट्ठ बरसाए। इस पूरी घटना का वीडियो वायरल हुआ, तो पुलिस ने चाचा-भतीजी का पीछा शुरू किया, जो बाइक पर अलवर जा रहे थे। पीछा करते हुए पुलिस ने बाइक को खेत में गिरा दिया और फिर चाचा खेतों के रास्ते अलवर की ओर भाग गए, जबकि भतीजी को पकड़कर पुलिस ने उसे भी बेरहमी से पीटा। क्या यह पुलिस की कार्रवाई का नया रूप है? जानिए इस घटना के पूरी कहानी में.
पुलिस द्वारा वीडियो बनाने पर बर्बरता
महबूब ने सोमवार रात को अलवर पहुंचकर पूरी घटना बताई। उनके अनुसार, 9 दिसंबर को पुलिस ने उनके घर आकर भाई और भतीजी पर बुरी तरह से लाठियां बरसाई। पुलिस वाजिद की रिपोर्ट पर पाइपलाइन का निरीक्षण करने आई थी, और महबूब का परिवार उनका सहयोग कर रहा था।
वाजिद पर लूट और मारपीट के आरोप
बीलेटा गांव के वाजिद पर 15 दिन पहले गांव के पास प्याज बेचने आए सद्दाम से लूट और मारपीट का आरोप है। वाजिद ने सद्दाम से उसकी प्याज की रकम छीन ली थी। इस मामले में भी एक मुकदमा दर्ज है। महबूब ने आरोप लगाया कि वाजिद ने महबूब के खिलाफ गवाही देने के डर से खुद ही पाइपलाइन को काट दिया और फिर पुलिस से शिकायत करवाई। पुलिस ने वाजिद की रिपोर्ट पर महबूब के परिवार को पीटा, जो नाजायज था।
महबूब का अलवर में पुलिस के खिलाफ शिकायत
महबूब ने 10 दिसंबर की शाम को अलवर एसपी से शिकायत करने के लिए बाइक से निकलने का निर्णय लिया। रास्ते में पुलिस ने उनका पीछा किया और बाइक को खेतों में गिरा दिया। महबूब के साथ भतीजी भी थी, लेकिन पुलिस ने उसे भी वहां पीटा। यह सब घटना गांव के लोगों ने देखी और इस पर चुप नहीं रहे।
पाइपलाइन विवाद में पुलिस का बर्बरता का मामला
बीलेटा गांव में महबूब और वाजिद के घरों में पानी पहुंचाने के लिए एक पाइपलाइन की व्यवस्था थी, जिसे किसी ने क्षतिग्रस्त कर दिया। वाजिद ने पुलिस को रिपोर्ट दी कि महबूब के परिवार ने ही पाइपलाइन को तोड़ा है। इसके बाद पुलिस ने वाजिद की शिकायत पर कार्रवाई शुरू की, लेकिन यह मामला एक बड़ा विवाद बन गया, जब पुलिस के खिलाफ वीडियो बनाने पर महबूब के परिवार पर पुलिस ने लाठियां बरसा दीं।
पुलिस की सफाई
इस मामले में थाना प्रभारी रामजीलाल का कहना है कि खेत में पाइपलाइन को काटने की शिकायत आई थी। पुलिस दोनों पक्षों को बुलाकर मामले की जांच कर रही थी। हालांकि, उन्होंने कहा कि परिवार के लोग “हाइपर” हो गए थे, इसलिए पुलिस ने उन्हें डांटकर समझाया था, लेकिन कोई मारपीट नहीं की गई थी।
