बाड़मेर। रिपोर्ट टाइम्स।
राजस्थान के सीमांत जिले बाड़मेर की पहचान रेगिस्तान की तपती रेत और भारत-पाकिस्तान सीमा से होती है, लेकिन इस बार चर्चा का केंद्र बना है एक प्रेरणादायक बदलाव। जिस जिले में जेंडर रेशियो (लिंग अनुपात) में सुधार एक चुनौती माना जाता था, वहां के आंकड़े अब उम्मीद की नई किरण दिखा रहे हैं। इस बदलाव के पीछे नाम है बाड़मेर की जिला कलेक्टर IAS टीना डाबी का, जिन्होंने अपनी दूरदर्शी सोच और जमीनी प्रयासों से इस असंभव से लगने वाले लक्ष्य को मुमकिन कर दिखाया।
राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर जयपुर में राजस्थान के राज्यपाल द्वारा टीना डाबी को सम्मानित किया जाएगा। यह सम्मान उन्हें ‘मरू उड़ान अभियान’ (Maru Udaan Abhiyan) के तहत महिलाओं को जागरूक करने और मतदान में भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए दिया जा रहा है। इस अभियान के सकारात्मक परिणाम स्वरूप, बाड़मेर जिले का जेंडर रेशियो 877 से बढ़कर 897 तक पहुंच गया है।
महिलाओं को मुख्यधारा में लाने और उनकी भागीदारी सुनिश्चित करने की यह पहल ना सिर्फ बाड़मेर के लिए, बल्कि पूरे राजस्थान के लिए एक प्रेरणा बन चुकी है।
डीएम ने बताया किस तरह बढ़ा जेंडर रेशियो
जिला निर्वाचन अधिकारी टीना डाबी ने जानकारी देते हुए बताया, ‘इस सुधार के लिए हमने महिला वोटर्स लिस्ट में ज्यादा से ज्यादा नए नाम जोड़ने पर फोकस किया था. साथ ही करेक्शन के लिए आवेदनों पर भी हमने प्रायोरिटी से काम किया था. रिवाइज्ड वोटर लिस्ट बनाते वक्त भी हमनें चुनाव प्रक्रिया से जुड़े अधिकारी (विशेषकर बूथ लेवल के अधिकारियों) को वोटर-पॉपुलेशन रेशियो, ईपी रेशियो और पुरुष-महिला वोटर जेंडर रेशियो के आंकड़ों पर गंभीरता के साथ काम करने के लिए कहा था. पहले लोग बच्चियों के नाम वोटर लिस्ट में नहीं जुड़वाते थे. लेकिन हमनें उनके परिजनों को समझाकर नाम जुड़वाया. इन प्रयासों के सकारात्मक परिणाम सामने आए और जिले का जेंडर रेशियो बढ़ गया.’
25 जनवरी को होगा सम्मान
राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर 25 जनवरी को जयपुर में आयोजित होने वाले राज्य स्तरीय कार्यक्रम के दौरान राजस्थान के राज्यपाल हरिभाऊ किसनराव बागडे बाड़मेर जिला कलेक्टर टीना डाबी को सम्मानित करेंगे. इस दौरान बाड़मेर जिला कलेक्टर के अलावा चार अन्य जिला निर्वाचन अधिकारियों को सम्मानित किया जाएगा. राजस्थान सरकार महिलाओं की व्यावहारिक जरूरतों पर केंद्रित अनूठी महिला सशक्तीकरण पहल ‘मरु उड़ान’ 9 जनवरी से पूरे राज्य में शुरू कर चुकी है. इसके असर एवं उपयोगिता को देखते हुए इसे ‘राजस्थान मरु उड़ान’ के नाम से पूरे राज्य में लागू किया गया है.
