जयपुर। रिपोर्ट टाइम्स।
राजस्थान की राजधानी जयपुर के ग्रेटर नगर निगम की बोर्ड मीटिंग में जमकर हंगामा हुआ। कांग्रेस के साथ कुछ भाजपा पार्षदों ने भी शहरी सरकार को घेरने की कोशिश की। हंगामा इतना बढ़ गया कि महापौर को आधा घंटे के लिए सदन स्थगित करना पड़ा। जयपुर ग्रेटर नगर निगम की बैठक में क्यों बरपा हंगामा?
सफाई को लेकर कांग्रेस पार्षदों का हंगामा
जयपुर ग्रेटर नगर निगम की बैठक सोमवार को लंबे समय बाद जोरदार हंगामे के बीच संपन्न हुई। बैठक दोपहर एक बजे बुलाई गई थी, जो मेयर के आने पर करीब डेढ़ बजे शुरु हुई। बैठक की शुरुआत में ही सफाई के मुद्दे पर कांग्रेस पार्षदों ने वेल में आकर नारेबाजी की और विरोध जताया। कांग्रेस पार्षदों की ओर से मेयर के खिलाफ भी आक्रोश प्रदर्शन किया गया। इस दौरान पार्षद भी वेल में आ गए…दोनों पक्षों के बीच धक्कामुक्की की नौबत आ गई।
सांसद को करना पड़ा मेयर का इंतजार
जयपुर ग्रेटर नगर निगम की बैठक में जयपुर सांसद मंजू शर्मा भी पहुंचीं। मगर मेयर करीब आधा घंटे बाद सदन में आईं। तब तक सांसद को मेयर के आने का इंतजार करना पड़ा। इस बीच सांसद को अपनी चेयर के आसपास गंदगी नजर आई, तो वह नाराज हो गईं। उन्होंने सदन में बैठने की जगह पर सफाई व्यवस्था ठीक करने को कहा। इसके बाद कमिश्नर ने सफाई व्यवस्था दुरुस्त करवाने का आश्वासन देकर मामला शांत करवाया।
मेयर को दिया कचरे से भरा डिब्बा
जयपुर ग्रेटर नगर निगम की बैठक की शुरुआत में दिवंगत हस्ती और राजनेताओं को श्रद्धांजलि दी गई। इसके बाद 15 मिनट के लिए स्थगित कर दी गई। इसके बाद बैठक शुरु हुई तो कांग्रेस पार्षद शहर में सफाई व्यवस्था ठीक नहीं होने का आरोप लगाते हुए हंगामा करने लगे। कांग्रेस पार्षद ने कचरे से भरा डिब्बा मेयर की टेबल पर रख दिया। कांग्रेस पार्षद ने मिठाई के डिब्बे में भरा कचरा टेबल पर रखते हुए कहा कि यह जनता ने भिजवाया है।
आधा घंटे स्थगित करनी पड़ी बैठक
बैठक में कांग्रेस पार्षदों के बाद कुछ भाजपा पार्षदों ने भी नाराजगी जताई। इसके बाद हंगामा बढ़ता ही रहा तो मेयर सौम्या गुर्जर ने सदन को आधा घंटे के लिए स्थगित कर दिया। वहीं कुछ पार्षदों को चैम्बर में बुलाकर उनसे बात की। बैठक में ज्यादातर हंगामा सफाई व्यवस्था और पट्टों को लेकर देखने को मिला। जिसकी वजह से सदन की कार्यवाही स्थगित करनी पड़ी।
