Report Times
latestOtherकरियरटॉप न्यूज़ताजा खबरेंदेशराजनीतिव्यापारिक खबरस्पेशल

महंगाई पर मोदी सरकार का बड़ा वार, जल्द कम हो सकते हैं पेट्रोल-डीजल के दाम

REPORT TIMES

देश में जुलाई के महीने में महंगाई दर 15 महीने की ऊंचाई पर पहुंच गई है. केंद्र सरकार के लिए मौजूदा समय में महंगाई को कंट्रोल करना ही सबसे बड़ा चैलेंज है. इसी को कम करने के लिए सरकार ने अपनी बड़ी प्लानिंग शुरू कर दी है. केंद्र सरकार जल्द ही पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कम करने का ऐलान कर सकती है. ताकि आम लोगों को महंगाई से राहत मिल सके. वास्तव में केंद्र सरकार पेट्रोल और डीजल पर टैक्स में कटौती करने की प्लानिंग में जुटी हुई है. आखिरी बार देश के चारों महानगरों में पेट्रोल और डीजल के दाम कम हुए थे वो टैक्स में कटौती करके ही हुए थे. 21 मई को फाइनेंस मिनिस्टर ने ड्यूटी कम की थी. ऐसा ही कुछ करने की प्लानिंग इस बार भी चल रही है. केंद्र सरकार की ओर कटौती के बाद राज्यों पर वैट को कम करने का दबाव बढ़ेगा. जिसकी वजह से देश में राज्यवार तरीके से पेट्रोल और डीजल सस्ता होगा. जिससे महंगाई कम होगी. मौजूदा समय में देश के कई शहरों में पेट्रोल की कीमतें 100 रुपये से ज्यादा से ज्यादा है.

फ्यूल पर टैक्स में कटौती की संभावना

ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार मामले से परिचित लोगों मुताबिक भारतीय अधिकारी फेडरल डेफिसिट के टारगेट को प्रभावित किए बिना फूड और फ्यूल की कीमतों में इजाफे को रोकने के लिए विभिन्न मंत्रालयों के बजट से 1 लाख करोड़ रुपये को री-एलोकेट करने की योजना पर विचार किया जा रहा है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आने वाले हफ्तों में फैसला निर्णय लेंगे, जिसमें लोकल फ्यूल के सेल्स टैक्स कम कम करना और खाना पकाने के तेल और गेहूं पर इंपोर्ट शुल्क को कम करना शामिल हो सकता है. वैसे आरबीआई ने बीते सप्ताह मॉनेटरी पॉलिसी की बैठक के बाद रेपो दरों में कोई बदलाव नहीं किया है.

15 महीने की ऊंचाई पर महंगाई

इस सप्ताह मोदी द्वारा राष्ट्र के नाम दिए गए भाषण में 15 महीने के हाई पर पहुंची महंगाई से लड़ने की कसम खाने के बाद नौकरशाहों में भी काफी उत्सुकता बढ़ गई है. भारत एक ऐसा देश है जहां प्याज और टमाटर की महंगाई ने सरकारें गिरा दी हैं. हालांकि मोदी के पास मतदाताओं के लिए कीमतों पर लगाम कसने के लिए बस कुछ ही महीने हैं, लेकिन वह बजट घाटे को कम करने का जोखिम भी नहीं उठा सकते, जिस पर ग्लोबल इंवेस्टर्स की पैनी नजर है.

Related posts

फास्टैग को लेकर एक बड़ा बदलाव लागू यात्रा को और भी सुविधाजनक

Report Times

किसानों को पानी की समस्या : प्रतिनिधि मंडल ने उपराष्ट्रपति की पत्नी को दिया ज्ञापन

Report Times

आशीष  बने नगर अध्यक्ष 

Report Times

Leave a Comment